जीवन शुरू होना था हो चुका.... नर्मदा और सिंधु नदी जहां हड़प्पा और मोहनजोदड़ो जैसी सभ्यताओं को पनपना था वो आ चुकी अब आप वैसे न बन जाओ कि हम भी वहीं रहेंगे जहां हम रहना पसंद करते है।
एक जगह रहने वाले लोग जल्दी लुप्त भी हो जाते हैं...उनके कार्य का उनके क्षमताओं का जल्दी अंत हो जाता है।
घास की तरह बनना होगा, कहीं भी बस उगना है
फ़र्क नहीं पड़ता, मौसम कैसा है या जगह कैसी है।।।।
#ankuritshabd #poetry #poetrycommunity #poetrylovers #poem #urdushayari #urdupoetry #urduquotes #shayarilover #shayari #shayariquotes #quotes #quotesoftheday #quotesdaily #inspirationalquotes #motivationalquotes #motivationdaily


