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अपने ज्ञान के प्रकाश से शिष्य की अज्ञानता के तिमिर को हर कर सार्थक उद्देश्य प्रदान करने वाले सभी गुरुजनों के चरणों में "शिक्षक दिवस" के पुनीत अवसर पर नमन करता हूँ। गुरु से बड़ा दूसरा कोई भगवान नहीं होता है। यह सत्य है कि ईश्वर की भाँति कच्ची माटी को गढ़कर गुरु उसमें प्राण फूँक देते हैं। मुझे भी मेरे गुरु आदरणीय श्री अवध नारायण मिश्रा जी वा आदरणीय इंद्र कुमार मिश्रा गुरु जी जीवन को सार्थक दिशा दी। आज मैं जो कुछ भी हूँ, उनके आशीर्वाद से हूँ। हम सभी पर अपने गुरुजनों का आशीर्वाद सदैव बना रहे, यही शुभेच्छा है। Awadh Narayan Mishra ji🙏 Indrakumar Mishra ji 🙏
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